प्रयागराज में ऑनर किलिंग: बेटी की हत्या में माता-पिता गिरफ्तार
उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले के कांटी गांव में एक दिल दहला देने वाला ऑनर किलिंग का मामला सामने आया है। एक किशोरी की हत्या उसके ही माता-पिता ने कर दी, क्योंकि वह कथित तौर पर कई लड़कों से बातचीत करती थी और एक बार गर्भवती भी हो गई थी। यह घटना समाज में व्याप्त रूढ़िवादी सोच और महिला स्वतंत्रता के प्रति असहिष्णुता को उजागर करती है।
🟩 घटना का पूरा विवरण 📍
🧪 नींद की गोलियों से शुरू हुआ हत्या का प्लान
पुलिस जांच में सामने आया है कि मां ने बेटी सरिता को खाने में नींद की गोलियां मिलाकर दीं, जिससे वह बेसुध हो गई। इसके बाद पिता रमेश ने उसे खेत में ले जाकर चाकू से गला रेत दिया। यह घटना 5 नवंबर को घूरपुर थाना क्षेत्र के कांटी गांव में हुई।
- घटना स्थल: कांटी गांव, प्रयागराज
- तारीख: 5 नवंबर 2025
- आरोपी: रमेश (पिता), पत्नी (मां)
- पीड़िता: सरिता (15 वर्षीय किशोरी)
🕵️♀️ पुलिस को गुमराह करने की कोशिश
हत्या के बाद माता-पिता ने गांव वालों को बताया कि सरिता सुबह 5:30 बजे घर से निकली थी और वापस नहीं लौटी। कुछ ही देर बाद ग्रामीणों ने खेत में उसका शव देखा और पुलिस को सूचना दी। पुलिस जब मौके पर पहुंची तो माता-पिता ने रोने का नाटक किया, जिससे शुरुआत में पुलिस को शक नहीं हुआ।
🟨 जांच में हुआ खुलासा 🔍
📑 पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने खोला राज
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हत्या की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने जांच का रुख बदला। 7 नवंबर को पिता रमेश को हिरासत में लिया गया, जहां पूछताछ में उसने जुर्म कबूल कर लिया।
“मेरी बेटी कई लड़कों से बात करती थी। दो साल पहले वह प्रेग्नेंट भी हो गई थी। हमने गर्भपात कराया, समझाया, मारा-पीटा लेकिन वह नहीं मानी। इसलिए मैंने उसे मारने का फैसला लिया।” – आरोपी रमेश
🟦 ऑनर किलिंग: सामाजिक पृष्ठभूमि और विश्लेषण 📚
⚖️ ऑनर किलिंग क्या है?
ऑनर किलिंग वह अपराध है जिसमें परिवार के सदस्य ही अपने किसी करीबी की हत्या कर देते हैं, यह मानते हुए कि उसने परिवार की ‘इज्जत’ को ठेस पहुंचाई है।
भारत में ऑनर किलिंग के प्रमुख कारण:
- अंतरजातीय या अंतरधार्मिक विवाह
- प्रेम संबंधों की सामाजिक अस्वीकृति
- महिला की स्वतंत्रता या यौन स्वायत्तता
- पारिवारिक प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने का डर
📊 ऑनर किलिंग के आंकड़े
- राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) के अनुसार, भारत में हर साल दर्जनों ऑनर किलिंग के मामले सामने आते हैं।
- उत्तर प्रदेश, हरियाणा, राजस्थान और पंजाब ऐसे मामलों में अग्रणी हैं।
🟫 पुलिस की कार्रवाई और कानूनी पहल ⚖️
👮♂️ DCP का बयान
DCP यमुनापार विवेकचंद्र यादव ने बताया कि पिता ने जुर्म कबूल कर लिया है और मां की भूमिका भी सामने आई है। दोनों को हिरासत में लेकर कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
📌 IPC की धाराएं लागू:
- धारा 302: हत्या
- धारा 120B: आपराधिक साजिश
- धारा 201: सबूत मिटाने की कोशिश
🟪 समाज में संदेश और सवाल ❓
इस घटना ने कई सवाल खड़े किए हैं:
- क्या एक लड़की की स्वतंत्रता इतनी खतरनाक मानी जाती है कि उसे मौत की सजा दी जाए?
- क्या माता-पिता को कानून से ऊपर समझा जाना चाहिए?
- क्या समाज में महिला अधिकारों की रक्षा के लिए पर्याप्त जागरूकता है?
🟧 निष्कर्ष 📝
प्रयागराज की यह घटना सिर्फ एक हत्या नहीं, बल्कि समाज की उस सोच का प्रतीक है जो महिला स्वतंत्रता को अपराध मानती है। ऑनर किलिंग जैसे अपराधों पर सख्त कानून और सामाजिक जागरूकता की जरूरत है, ताकि कोई और सरिता इस मानसिकता की बलि न चढ़े।
🟨 FAQs
Q1. प्रयागराज में ऑनर किलिंग की घटना कब हुई?
5 नवंबर 2025 को कांटी गांव में यह घटना हुई।
Q2. हत्या के पीछे क्या कारण बताया गया?
पिता ने बताया कि बेटी कई लड़कों से बात करती थी और एक बार गर्भवती हो गई थी।
Q3. क्या माता-पिता ने जुर्म कबूल किया है?
हां, पिता ने जुर्म कबूल किया है और मां की भूमिका भी सामने आई है।
Q4. पुलिस ने कौन-कौन सी धाराएं लगाई हैं?
IPC की धारा 302, 120B और 201 लगाई गई हैं।
Q5. ऑनर किलिंग क्या होती है?
परिवार की ‘इज्जत’ बचाने के नाम पर अपने ही सदस्य की हत्या को ऑनर किलिंग कहते हैं।
External Source: Patrika Report
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