🔥 परिचय: राजस्थान में फिल्मी स्टाइल में ड्रग तस्करी का पर्दाफाश
राजस्थान के भीलवाड़ा जिले के शाहपुरा क्षेत्र में पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए फिल्म ‘पुष्पा’ की तर्ज पर पानी के टैंकर में छिपाकर ले जाई जा रही डोडा चूरा की भारी खेप जब्त की है। इस ऑपरेशन में तीन तस्करों को गिरफ्तार किया गया, जिनमें एक पिता-पुत्र की जोड़ी भी शामिल है।
🚓 तस्करी का ‘पुष्पा स्टाइल’ खुलासा: कैसे हुआ ऑपरेशन?
📍 गुप्त सूचना से शुरू हुई कार्रवाई
कोटड़ी थाना प्रभारी महावीर प्रसाद को एक मुखबिर से सूचना मिली कि चित्तौड़गढ़ जिले से एक पानी के टैंकर में मादक पदार्थों की तस्करी की जा रही है। सूचना के आधार पर गेहुली गांव के पास कंकरोलिया घाटी रोड पर आरबी माइन के सामने नाकाबंदी की गई।
🛑 टैंकर की तलाशी में मिला 710 किलो डोडा चूरा
पुलिस ने संदेह के आधार पर टैंकर को रोका और तलाशी ली। टैंकर में 35 प्लास्टिक कट्टों में कुल 710 किलो 530 ग्राम डोडा चूरा बरामद किया गया। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी कीमत लगभग ₹1.05 करोड़ आंकी गई है।
👮♂️ गिरफ्तार आरोपी: तस्करी में शामिल पूरा नेटवर्क
👨👦 पिता-पुत्र समेत तीन गिरफ्तार
पुलिस ने मौके से धनौरा (चित्तौड़गढ़) निवासी रामचन्द्र शर्मा (52), उसका बेटा मोनू शर्मा (33), और भगवानपुरा निवासी दिनेश कुमार गुर्जर (26) को गिरफ्तार किया। दिनेश इस तस्करी में टैंकर का चालक था।
🚗 एस्कॉर्ट कर रही कार भी जब्त
तस्करी को सुरक्षित अंजाम देने के लिए टैंकर के आगे एक कार चल रही थी, जो निगरानी का काम कर रही थी। पुलिस ने दोनों वाहनों को जब्त कर लिया है।
📜 आरोपी का आपराधिक इतिहास: पहले भी पकड़ा गया था अफीम केस में
🕵️♂️ एनसीबी की कार्रवाई में पहले भी गिरफ्तार
मुख्य आरोपी रामचन्द्र शर्मा पूर्व में 65 किलो अफीम के मामले में नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) की कार्रवाई में गिरफ्तार हो चुका है। वह कई वर्षों तक जेल में रहा और जमानत पर बाहर आने के बाद फिर से तस्करी के धंधे में सक्रिय हो गया।
📊 तस्करी का पैटर्न: कैसे बदल रहे हैं तस्करों के तरीके?
🧪 पानी के टैंकर में छिपाकर तस्करी
इस मामले में तस्करों ने फिल्म ‘पुष्पा’ की तर्ज पर पानी के टैंकर का इस्तेमाल किया, जिससे पुलिस की नजरों से बचा जा सके। यह तरीका अब तस्करों के बीच लोकप्रिय होता जा रहा है।
📈 बढ़ती तस्करी के पीछे कारण
- सीमावर्ती राज्यों से आसान आवाजाही
- पुलिस की सीमित निगरानी
- मादक पदार्थों की बढ़ती मांग
- पुराने तस्करों का फिर से सक्रिय होना
🧭 पुलिस की रणनीति: कैसे रोकी जा रही है मादक पदार्थों की तस्करी?
🛡️ विशेष निगरानी और गश्त
भीलवाड़ा पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र सिंह ने बताया कि जिले में मादक पदार्थों की तस्करी रोकने के लिए सभी थाना क्षेत्रों में विशेष निगरानी और गश्त बढ़ाई गई है।
📌 NDPS एक्ट के तहत मामला दर्ज
गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रॉपिक सब्सटेंस एक्ट (NDPS Act) के तहत मामला दर्ज किया गया है।
📚 तस्करी से जुड़ी अन्य घटनाएं: राजस्थान में बढ़ता खतरा
🧾 हालिया घटनाएं
- अक्टूबर 2025: नागौर में 500 किलो डोडा चूरा जब्त
- सितंबर 2025: अजमेर में ट्रक से 1.2 करोड़ की अफीम बरामद
- अगस्त 2025: जयपुर में रेलवे से तस्करी करते दो गिरफ्तार
📌 निष्कर्ष: पुलिस की सतर्कता से बची बड़ी तस्करी
राजस्थान के शाहपुरा में पुलिस की सतर्कता और गुप्त सूचना के आधार पर एक बड़ी तस्करी को रोका गया। फिल्मी अंदाज में की जा रही इस तस्करी से यह साफ है कि अपराधी अब नए-नए तरीके अपना रहे हैं, लेकिन पुलिस की मुस्तैदी उन्हें पकड़ने में सक्षम है।
❓FAQs
❓ डोडा चूरा क्या होता है?
डोडा चूरा अफीम के पौधे के सूखे छिलके होते हैं, जिनका उपयोग नशे के लिए किया जाता है।
❓ NDPS एक्ट क्या है?
NDPS एक्ट (1985) भारत में मादक पदार्थों की तस्करी और उपयोग को नियंत्रित करने वाला कानून है।
❓ क्या आरोपी पहले भी तस्करी में शामिल थे?
मुख्य आरोपी रामचन्द्र शर्मा पहले भी अफीम तस्करी के मामले में गिरफ्तार हो चुका है।
❓ पुलिस ने कितनी मात्रा में डोडा चूरा जब्त किया?
पुलिस ने कुल 710 किलो 530 ग्राम डोडा चूरा जब्त किया है।
External Source: Patrika Report
अगर आपको यह लेख उपयोगी लगा हो, तो इसे शेयर करें और दूसरों को भी जागरूक करें। NEWSWELL24.COM पर हम ऐसे ही जरूरी और भरोसेमंद जानकारी लाते रहते हैं