मानसून का कहर! उत्तर प्रदेश के कई जिलों में मूसलाधार बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त, राहत कार्य तेज
लखनऊ/उत्तर प्रदेश:
उत्तर प्रदेश इस समय भीषण मानसून की गिरफ्त में है। रविवार से शुरू हुआ बारिश का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा। सोमवार को प्रदेश के 46 जिलों में भीषण बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। राजधानी लखनऊ सहित कई जिलों में स्कूल बंद कर दिए गए हैं, जबकि 17 जिले बाढ़ की चपेट में आ चुके हैं। इस बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ खुद राहत कार्यों की निगरानी कर रहे हैं और अधिकारियों को जरूरी दिशा-निर्देश दे रहे हैं।
46 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट, 64 जिलों में बिजली गिरने की चेतावनी
आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र, लखनऊ के वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि मानसून की ट्रफ लाइन अभी तराई इलाकों की ओर सक्रिय है। इसके कारण तराई और आगरा मंडल के 15 जिलों में ऑरेंज अलर्ट और 31 जिलों में यलो अलर्ट जारी किया गया है। इसके साथ ही 64 जिलों में गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने की आशंका जताई गई है।
यहां है भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट:
सिद्धार्थनगर, गोंडा, बलरामपुर, श्रावस्ती, बहराइच, लखीमपुर खीरी, सीतापुर, मथुरा, हाथरस, आगरा, बरेली, पीलीभीत, शाहजहांपुर,
संभल, बदायूं सहित आसपास के इलाके। यहां है यलो अलर्ट:
लखनऊ, बाराबंकी, रायबरेली, अमेठी, अयोध्या, मेरठ, मुरादाबाद, अलीगढ़, सहारनपुर, कानपुर, मुजफ्फरनगर, फर्रुखाबाद, इटावा, बिजनौर, अमरोहा समेत कुल 31 जिले शामिल हैं।
🌧️ लखनऊ में टूटा बारिश का रिकॉर्ड, पारा लुढ़का
राजधानी लखनऊ में रविवार को इस सीजन की सबसे भारी बारिश हुई। मलिहाबाद में 52.5 मिमी, अमौसी एयरपोर्ट पर 17.9 मिमी और पूरे शहर में औसतन 34.7 मिमी बारिश दर्ज की गई। इसके चलते दिन का तापमान 4.8 डिग्री घटकर 28.5 डिग्री पहुंच गया, जबकि रात का पारा 27.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
🛶 17 जिले बाढ़ से प्रभावित, सीएम योगी कर रहे निगरानी
प्रदेश के 17 जिले बाढ़ की चपेट में हैं, जिनमें कानपुर, लखीमपुर खीरी, चित्रकूट, बलिया, प्रयागराज, वाराणसी, मिर्जापुर, जालौन, फतेहपुर जैसे जिले शामिल हैं। इन जिलों की 37 तहसीलें और 402 गांव बुरी तरह प्रभावित हुए हैं।
सीएम योगी आदित्यनाथ खुद राहत कार्यों की निगरानी कर रहे हैं। उन्होंने टीम-11 के मंत्रियों को प्रभावित जिलों का निरीक्षण करने और तेजी से राहत पहुंचाने के निर्देश दिए हैं।
📦 84392 लोग प्रभावित, 47906 को दी गई राहत सामग्री
राहत आयुक्त भानु चंद्र गोस्वामी के अनुसार:
84392 लोग अब तक प्रभावित हुए हैं
47906 लोगों को राहत सामग्री दी गई
2759 मवेशियों को सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट किया गया
343 मकानों को नुकसान पहुंचा, जिनमें 327 लोगों को सहायता राशि दी जा चुकी है
4015 हेक्टेयर भूमि बाढ़ से डूबी
493 नावों और मोटरबोटों से राहत वितरण जारी
6536 खाद्यान्न और 76632 लंच पैकेट बांटे गए
29 लंगरों के माध्यम से भोजन की व्यवस्था की गई
📚 लखनऊ सहित कई जिलों में स्कूल बंद
भीषण बारिश की स्थिति को ध्यान में रखते हुए लखनऊ, रायबरेली, अमेठी, सुल्तानपुर, बहराइच और अंबेडकर नगर जिलों में कक्षा 1 से 12 तक के सभी विद्यालयों में अवकाश घोषित कर दिया गया है। जिला विद्यालय निरीक्षक राकेश पांडेय ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि जो छात्र पहले ही स्कूल के लिए रवाना हो चुके हैं, उन्हें सुरक्षित रूप से वापस घर पहुंचाया जाए |
🔚 निष्कर्ष: अलर्ट रहें, सुरक्षित रहें
उत्तर प्रदेश इस समय मानसून के सबसे गंभीर दौर से गुजर रहा है। प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है, लेकिन आम नागरिकों को भी सावधानी बरतने की जरूरत है। बारिश और बाढ़ के इस दौर में अनावश्यक यात्रा से बचें, बच्चों को बाहर न निकलने दें, और प्रशासन के निर्देशों का पालन करें।